अररिया, जनवरी 6 -- अररिया, संवाददाता यूं तो हर साल दिसंबर और जनवरी में ठंड पड़ती ही है। रबी फसलों के लिए ठंड का मौसम जरूरी भी है। इस बार भी ठंड पड़ रही है और कड़ाके की पड़ रही है। आलम ये है कि अगर दिन में तापमान 17 से 18 डिग्री पहुंच भी जाता है तो देर रात ये तापमान गिर कर आठ से नौ डिग्री तक पहुंच जाता है। ऐसे मौसम में सुरक्षित इमारतों में रहने वाले सुखी संपन्न लोग तो ठंड से बचने के उपाय ढूंढ लेते हैं। घरों में भी रजाई, कंबल और गर्म कपड़ों के अलावा हीटर और ब्लोअर भी उपलब्ध हो ही जाता है। मगर दिक्कत उन गरीबों को आती है जिन्हें अपने परिवार के दो जून की रोटी की खातिर हर दिन मजदूरी के लिए घर से बाहर निकलना पड़ता है। जिले में पिछले लगभग एक सप्ताह से पड़ने वाली ठंड ने गरीब मजदूरों का जीना मुहाल कर दिया है। लगातार पड़ती ठंड ने गरीबों के सामने रोजी रोजगार...
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