बरेली, अगस्त 8 -- अगस्त  क्रांति  की यादें : अंग्रेजों भारत छोड़ो आंदोलन के दौरान खूब गरजी थी बरेली ताराचंद रस्तोगी, इकराम आदि ने कचहरी स्थित मुहाफिजखाना को लगाई थी आग यह भी पढ़ें- अमेठी में गांव-गांव उठी थी अंग्रेजों भारत छोड़ो की आवाज बरेली, मुख्य संवाददाता। यह भी पढ़ें- अमेठी की अलख: नज्म पर छह महीने, तिरंगे पर कारावास, आजादी के 3 महीने बाद भी जेल में अंग्रेजों भारत छोड़ो आंदोलन के दौरान बरेली भी खूब गरजी थी। बरेली में  क्रांतिकारियों ने कचहरी स्थित मुहाफिजखाना में आग लगा दी थी।  रेल की पटरियां भी उखाड़ दी थीं। आज यह घटनाएं कागजों में दर्ज हैं।आंदोलन की तैयारी कांग्रेस कार्यसमिति ने नौ  अगस्त  को भारत छोड़ो आंदोलन की घोषणा की थी, लेकिन आंदोलन की तैयारी पहले से ही हो चुकी थी। 14 जुलाई 1942 को पंडित गोविंद बल्लभ पंत इसी आंदोलन की तैयारी ...