नई दिल्ली, मार्च 7 -- आम आदमी पार्टी के प्रमुख और दिल्ली के पूर्व मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल शुक्रवार को 'फांसी घर' विवाद के सिलसिले में दिल्ली विधानसभा की विशेषाधिकार समिति के सामने पेश हुए। बाद में उन्होंने भाजपा के नेतृत्व वाली सरकार पर ऐतिहासिक 'फांसी घर' को 'टिफिन रूम' बताकर शहीदों का अपमान करने का आरोप लगाया। केजरीवाल के अलावा दिल्ली के पूर्व अध्यक्ष राम निवास गोयल और तत्कालीन उपाध्यक्ष राखी बिरला भी समिति के सामने पेश हुए। हालांकि, पूर्व उपमुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया एक बार फिर कार्यवाही में अनुपस्थित रहे। बैठक के बाद केजरीवाल ने पत्रकारों से कहा कि 2022 में तत्कालीन स्पीकर गोयल के प्रयासों से ही विधानसभा परिसर में मौजूद एक 'फांसी घर' का खुलासा हुआ था, जहां कथित तौर पर अंग्रेजों ने स्वतंत्रता सेनानियों को फांसी दी थी।सरकार इन मुद्दो...
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