नई दिल्ली, अप्रैल 15 -- आम आदमी पार्टी को लेकर जिस बात की आशंका पिछले काफी समय से जाहिर की जा रही थी, क्या अब वह किसी भी दिन या पल में हो सकता है? जी हां, हम बात कर रहे हैं अरविंद केजरीवाल की अगुआई वाली पार्टी और कभी राष्ट्रीय संयोजक के सबसे करीबी रणनीतिकार रहे राघव चड्ढा के बीच अलगाव की। राघव चड्ढा को राज्यसभा के डिप्टी लीडर पद से हटाए जाने के एक पखवाड़े के भीतर ही 'आप' ने अपने सांसद को पार्टी से बाहर करने की तैयारी कर ली है। बुधवार को कुछ ही घंटों के भीतर ऐसे दो संकेत दिए गए जो बताते हैं कि कभी भी वक्त राघव पर फाइनल फैसला आ सकता है।पहला संकेत- कुर्सी के बाद राघव चड्ढा की सिक्यॉरिटी छीन ली राघव चड्ढा और 'आप' के बीच मनमुटाव की खबरें तो उस समय से ही सामने आने लगी थीं जब अरविंद केजरीवाल की कथित शराब घोटाले में गिरफ्तारी के बाद भी राघव चड्ढा...