नई दिल्ली, जुलाई 21 -- राहु एक छाया ग्रह है, जो व्यक्ति के जीवन में अचानक बदलाव, भ्रम और चुनौतियां ला सकता है। जब कुंडली में राहु अशुभ स्थिति में होता है, तो मानसिक तनाव, आर्थिक अस्थिरता और बाधाएं बढ़ जाती हैं। ज्योतिष में ऐसे समय में मोरपंख को बहुत प्रभावी उपाय माना जाता है। भगवान श्रीकृष्ण का प्रिय मोरपंख नकारात्मक ऊर्जा को दूर करने और राहु के दोष को शांत करने में सहायक हो सकता है।राहु दोष क्या है? राहु को ज्योतिष में भौतिक सुख, भ्रम और अचानक घटनाओं का कारक माना जाता है। जब राहु कुंडली में कमजोर या पीड़ित अवस्था में होता है, तो व्यक्ति को बिना कारण के बेचैनी, बार-बार काम बिगड़ना और अनावश्यक खर्च जैसी समस्याओं का सामना करना पड़ता है। यह ग्रह व्यक्ति की सोच को प्रभावित करता है और कई बार गलत निर्णय लेने पर मजबूर कर देता है।राहु दोष के सामा...