कोयले को खुले में जलाने से प्रदूषण के स्तर में होती है वृद्धि, रोक जरूरी
धनबाद, जून 3 -- प्रदूषण के मुद्दे पर हाईकोर्ट में दायर जनहित याचिका को लेकर धनबाद जिला प्रशासन, प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के साथ-साथ बीसीसीएल की ओर से भी हलफनामा दायर किया गया है। बीसीसीएल के महाप्रबंधक (पर्यावरण) अव्रेंद्र कुमार ने मामले में एक विस्तृत हलफनामा दायर किया है। इस हलफनामे में कई मुद्दे उठाए गए हैं। इनमें खुले में कोयला जलाने को प्रदूषण की बड़ी वजह बताया गया है। मालूम हो कि धनबाद में खुले में कच्चे कोयले को जलाकर पोड़ा कोयला बनाया जाता है। इस प्रक्रिया में बड़ी मात्रा में हानिकारक गैसों का उत्सर्जन होता है। इससे प्रदूषण के स्तर(एक्यूआई लेवल) में वृद्धि होती है। झरिया मास्टर प्लान का क्रियान्वयन, पौधरोपण के लिए जमीन की उपलब्धता सहित कई बातों का जिक्र है。 यह भी पढ़ें- दोषारोपण की जगह प्रदूषण नियंत्रण के लिए समन्वय तंत्र बनाएं : हा...
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