मुजफ्फरपुर, फरवरी 8 -- कांटी, हिन्दुस्तान संवाददाता। कोठियां स्थित हजरत सैयदना इस्माइल शाह कादरी का दो दिवसीय 68वां सालाना उर्स रविवार को शुरू हुआ। उर्स की शुरुआत कुरानख्वानी व मिलादुनब्बी से हुई। देश व विदेश से आए हजारों अकीदतमंदों ने गाजे-बाजे और नातिया कलाम के साथ मजार शरीफ पर चादरपोशी की। रंग-बिरंगी झालरों व बल्बों से मजार की सजावट की गई है। उर्स में शामिल जायरीनों के लिए कमेटी की ओर से लंगर और ठहरने का इंतजाम किया गया है। साहेबे सज्जादा मोहम्मद हुसैन वारसी ने कहा कि सैयदना इस्माइल शाह कादरी अबू ओलाई मुनामी वारसी का उर्स हमें याद दिलाता है कि इंसानियत ही सबसे बड़ा मजहब है। सोमवार सुबह कमेटी की ओर से चादरपोशी होगी। दोपहर में प्रत्येक साल की तरह कांटी पुराना चौक से चादर जुलूस निकलेगा। शाम को आयोजित महफिले-समां में मशहूर कव्वाल सूफियाना ...
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