नई दिल्ली, दिसम्बर 16 -- सुप्रीम कोर्ट ने मंगलवार को इलाहाबाद हाईकोर्ट के जज जस्टिस यशवंत वर्मा की उस याचिका पर सुनवाई करने की सहमति दे दी, जिसमें उन्होंने लोकसभा स्पीकर द्वारा गठित जांच समिति की वैधता को चुनौती दी है। यह समिति जज पर लगे भ्रष्टाचार के आरोपों की जांच कर रही है। जस्टिस दीपांकर दत्ता और जस्टिस ऑगस्टाइन जॉर्ज मसीह की पीठ ने लोकसभा स्पीकर के कार्यालय तथा लोकसभा और राज्यसभा के महासचिवों को नोटिस जारी किया और उनसे जवाब मांगा है। मामले की अगली सुनवाई 7 जनवरी 2026 को निर्धारित की गई है।जांच समिति का गठन और पूरा मामला यह जांच समिति लोकसभा स्पीकर ओम बिरला द्वारा 12 अगस्त 2025 को जजेस (इंक्वायरी) एक्ट, 1968 की धारा 3(2) के तहत गठित की गई थी। समिति में शामिल सदस्य हैं:सुप्रीम कोर्ट के जज जस्टिस अरविंद कुमार (अध्यक्ष),मद्रास हाईकोर्ट क...
Click here to read full article from source
इस लेख के रीप्रिंट को खरीदने या इस प्रकाशन का पूरा फ़ीड प्राप्त करने के लिए, कृपया
हमे संपर्क करें.