शामली, सितम्बर 16 -- कैराना। नगर की इमामबारगाह में सय्यदा नियाज जेहरा के चेहलुम की मजलिस का आयोजन किया गया। मजलिस में वसी हैदर साकी व हमनवा ने मरसियाख्वानी की तथा आसिफ अली, बाकर रजा, कुर्त्तउलऐन मेहंदी व ताबिश ने सोजखानी की। मजलिस को आल इण्डिया शिया पर्सनला बोर्डके सचिव मौलाना फसीह हैदर ने खिताब करते हुए कहा कि इमाम हुसैन ने करबला में अजीम कुर्बानी देकर मानवता को बाकी रखा। 28 रजब 60 हिजरी को इमाम हुसैन के 72 जां निसार मदीने से करबला रवाना हुए तथा 10 मुहर्रम योमे आशूरा 61 हिजरी को यजीदी फौज ने शहीद कर दिया, लेकिन इमाम हुसैन ने यजीदी की बेअत कबूल नही की। हमें इमाम हुसैन के बताये रास्ते पर चलते हुए हक का साथ देना चाहिए। बाद में हजरत फातमा के मसायब भी बयान किए। इस अवसर पर कौसर जैदी, मौहम्मद हाजी शाहिद, रोशन अली, कमाल अब्बास, काजिम हुसैन, जामि...
Click here to read full article from source
इस लेख के रीप्रिंट को खरीदने या इस प्रकाशन का पूरा फ़ीड प्राप्त करने के लिए, कृपया
हमे संपर्क करें.