भभुआ, अप्रैल 8 -- तपिश ज्यादा बढ़ने पर आहर, तालाब, कुएं, बावड़ियों में कम हो जाता है पानी, पशुपालक, किसान व ग्रामीणों को हो रही दिक्कत कर्मनाशा, दुर्गावती, सुवरा, कुदरा नदी का पानी सूखने से बढ़ेगी परेशानी तटबंध का कटाव भी नहीं थम रहा, गाद व सिल्ट की नहीं हो रही सफाई (पेज चार की लीड खबर) भभुआ, कार्यालय संवाददाता। कैमूर की नदियों में पानी काफी कम है। कहीं छिछला तो कहीं गड्ढे वाले भाग में पानी दिख रहा है। ज्यादा तपिश बढ़ने पर नदियों के अलावा आहर, तालाब, कुएं, बावड़ियों में भी पानी कम हो जाता है। नदियों के तटबंध के टूटते व कटते तटबंध, जमी गाद और सिल्ट इसके कारण बताए जा रहे हैं। नदियों व अन्य जलस्रोतों के सूखने या उसमें पानी कम रहने के पीछे जलवायु परिवर्तन को भी कारण माना जा रहा है। जल संरक्षण के लिए काम करनेवाले डॉ. विनोद कुमार मिश्र बताते हैं कि ...
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