नई दिल्ली, मार्च 20 -- नई दिल्ली, विशेष संवाददाता। सुप्रीम कोर्ट ने शुक्रवार को दिव्यांगों की मदद करने के तरीके खोजने की जरूरत पर बल दिया और कहा कि कैब सेवाओं को व्हीलचेयर और उनके लिए अन्य सहायक उपकरणों को रखने के लिए तैयार किया जाना चाहिए। शीर्ष अदालत ने यह टिप्पणी दिव्यांगजनों के लिए के लिए 'फर्स्ट-माइल और लास्ट-माइल कनेक्टिविटी' यानी एक छोड़ से दूसरी छोड़ तक परिवहन व्यवस्था सुनिश्चित करने की मांग वाली याचिका पर की। जस्टिस विक्रम नाथ और संदीप मेहता की पीठ ने कहा कि 'अब बड़े शहरों में, हर जगह कैब उपलब्ध हैं। कैब चालकों से यह भी कहा जाना चाहिए कि वे दिव्यांगजनों के व्हीलचेयर या अन्य सहायक उपकरणों को रखने की सुविधा दें।' उन्होंने दिव्यांग लोगों के लिए विशेष कैब सेवा शुरू करने का भी सुझाव दिया। पीठ ने कहा कि कैब सेवा मुहैया कराने वाले ऐप्स ...