केस-आधारित अधिगम ही आत्मनिर्भर भारत की कुंजी: प्रो. नरेंद्र शर्मा
रुडकी, जुलाई 25 -- रुड़की, कार्यालय संवाददाता। मदरहुड विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. नरेंद्र शर्मा ने कहा कि 21वीं सदी में डिग्री के साथ शोध कौशल जरूरी है। आज का युग डेटा और साक्ष्य-आधारित निर्णयों का है। हमारे छात्रों को केवल जानकारी लेने वाला नहीं, बल्कि नई समस्याओं का समाधान खोजने वाला शोधकर्ता बनना होगा। कुलपति प्रो शर्मा मदरहुड विश्वविद्यालय के अनुसंधान एवं विकास सेल की ओर से शोध समस्या की पहचान से शोध प्रस्ताव विकास तक, केस-आधारित अधिगम दृष्टिकोण विषय पर विशेषज्ञ सत्र में बोल रहे थे। कार्यक्रम का उद्देश्य छात्रों में अनुसंधान की समझ, शोध समस्या की पहचान और प्रस्ताव लेखन की क्षमता विकसित कर नवाचार की संस्कृति को बढ़ावा देना था।
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