हजारीबाग, अप्रैल 13 -- पदमा, प्रतिनिधि। गर्मी बढ़ते ही पदमा प्रखंड में जल संकट गहराने लगा है। कुओं, हैंडपंपों और तालाबों का जलस्तर काफी नीचे चला गया है। प्रखंड के बीच से बहने वाली केवटा नदी अब नाले का रूप ले चुकी है और अप्रैल माह में ही इसकी धारा सूखने के कगार पर पहुंच गई है। ग्रामीणों का कहना है कि पहले ऐसी स्थिति नहीं थी, लेकिन पिछले कुछ वर्षों में हालात तेजी से बदले हैं। नदी किनारे कई ईंट भट्ठों के संचालन से पानी का अत्यधिक दोहन हो रहा है। साथ ही, अवैध तरीके से बालू और मिट्टी का उठाव जारी है, जिससे नदी की जल संचय क्षमता घटती जा रही है। यह भी पढ़ें- केवटा नदी सूखने के कगार पर बढ़ रहा जल संकट इसके अलावा अंधाधुंध वन कटाई और वन भूमि पर बढ़ते अतिक्रमण ने भी जल स्तर को प्रभावित किया है। सरकारी जमीनों पर कब्जा और अवैध गतिविधियां लगातार बढ़ रह...