लखनऊ, मई 29 -- केजीएमयू परिसर में बनी मजारों को लावारिस घोषित किया गया है। बार-बार नोटिस जारी होने के बावजूद किसी भी पक्ष द्वारा मालिकाना हक का वैध दस्तावेज न देने के बाद प्रशासन ने मजार को लावारिस घोषित किया गया। अब मजार को ध्वस्त करने के बजाए शिफ्ट किया जाएगा। इसके लिए जिला व पुलिस प्रशासन से अनुमति मांगी गई है। परिसर में अवैध रूप से निर्मित छह मजारे हैं। इसमें क्वीनमेरी, रेस्पीरेटरी मेडिसिन, आर्थोपैडिक्स, ट्रॉमा सेंटर, नेत्र रोग विभाग, गांधी वार्ड के निकट समेत अन्य स्थानों पर मजारे हैं। इन मजारों को हटाने के लिए केजीएमयू प्रशासन लंबे समय से कार्रवाई कर रहा है। केजीएमयू प्रशासन ने जिम्मेदार पक्षों को नोटिस जारी कर मालिकाना हक का दावा पेश करने के लिए 15 दिनों का समय दिया था। सुप्रीम कोर्ट के निर्देशानुसार अतिरिक्त समय मिलने के बाद भी किस...