भागलपुर, जनवरी 23 -- भागलपुर, वरीय संवाददाता अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद के प्रदेश सह मंत्री कुणाल पांडेय ने कहा कि बीते 17 जनवरी को तिलकामांझी भागलपुर विश्वविद्यालय में आयोजित सीनेट बैठक के मौके पर परिषद ने कुलपति को ज्ञापन सौंपकर विश्वविद्यालय से जुड़ी समस्याओं के समाधान की मांग की थी। लेकिन विश्वविद्यालय के कुलानुशासक डॉ. एसडी झा एवं छात्र कल्याण पदाधिकारी अर्चना साह ने जानबूझकर परिषद के कार्यकर्ताओं को दिग्भ्रमित किया और हमारी मांगों को अनसुना किया। कुणाल पांडेय, गुरुवार को आयोजित पत्रकारवार्ता में कहा कि विद्यार्थी परिषद की पूर्व से स्पष्ट मांग रही है कि छात्रावासों में अवैध रूप से रह रहे छात्रों को तत्काल खाली कराया जाए, लेकिन आज तक इस दिशा में कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई। हमारी मांग है कि परिषद के कार्यकर्ताओं पर दर्ज मुकदमों को अ...