रुडकी, मार्च 21 -- लंढौरा, संवाददाता। जमीअत उलेमा ए हिंद के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष मुफ्ती रियासत अली ने कहा कि कुरआन का फरमान है कि हर मजहब एहतराम करना जरूरी है। इस मौके पर अमनो सलामती की दुआ मांगी गई। शनिवार को लंढौरा ईदगाह में ईद उल फितर की नमाज अदा कराने से पहले मुफ्ती रियासत अली ने कहा कि कुरआन पाक का फरमान है कि हर मजहब एहतराम करना बेहद जरूरी है। उन्होंने कहा कि कुछ लोग धर्म का जहर घोल कर नफरत फैलाने का प्रयास करते रहते है। हमे ऐसे लोगों को दरकिनार कर कौमी एकता को मजबूत बनाने पर जोर देना चाहिए। मुफ्ती ने कहा कि दहेज मांगना एक रिश्वत की तरह है।

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