दरभंगा, नवम्बर 21 -- दरभंगा मखाना, सिंघाड़ा, मछली जैसे जलीय उत्पादों के साथ धान, गेहूं, मक्का, मरुआ आदि परंपरागत कृषि उपज के लिए मशहूर है। मखाने की तो सुपर फूड के तौर पर वर्ल्ड मार्केट में भारी डिमांड है, पर बड़ा उद्योग नहीं है। हालांकि जिले के सैकड़ों उद्यमी मखाना प्रोसेसिंग, पास्ता निर्माण आदि से संबंधित लघु व कुटीर उद्योग से आय व रोजगार उत्पन्न कर रहे हैं। राज्य सरकार की पहल पर महिला उद्यमियों का रुझान भी कुटीर उद्यम में बढ़ा है। मिथिला पेंटिंग, खादी वस्त्र निर्माण, अचार, पापड़, मसाला, अदौरी, तिसियौरी, टोकरी व अन्य हस्तशिल्प से जुड़ी हजारों महिलाएं व्यापार कर रही हैं। महिला उद्यमी पूजा महतो, कंचन देवी, नीतू झा, सुषमा देवी, नूरजहां, बबली कुमारी, अमीना देवी, पुतुल कुमारी, शिवानी कुमारी, नंदनी कुमारी, दीपा कुमारी आदि बताती हैं कि घरेलू उद्योग ...
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