कुशीनगर, अप्रैल 26 -- कुशीनगर। जिला कृषि रक्षा अधिकारी मेनका ने किसानों के लिए सुरक्षित अन्न भंडारण संबंधी समेकित एडवाइजरी जारी की है। उन्होंने बताया कि बुवाई, जुताई, कीट एवं रोग प्रबंधन के साथ-साथ कटाई के बाद उपज का सुरक्षित भंडारण कृषि कार्यों का अहम हिस्सा है। असुरक्षित भंडारण के कारण कीट, कृतंक एवं सूक्ष्मजीवों से लगभग 10 प्रतिशत तक उत्पादन की क्षति होती है, जिसे वैज्ञानिक विधियों से काफी हद तक कम किया जा सकता है। उन्होंने बताया कि भंडारण में कीट प्रकोप का मुख्य कारण अधिक नमी, ऑक्सीजन की उपलब्धता और 25 से 27 डिग्री सेल्सियस का अनुकूल तापमान होता है। ऐसे वातावरण में कीट व फफूंद तेजी से बढ़ते हैं, जिससे अनाज की गुणवत्ता प्रभावित होती है। यह भी पढ़ें- सुरक्षित अन्न भंडारण को लेकर समेकित एडवाइजरी जारी एडवाइजरी में किसानों को सलाह दी गई है...