समस्तीपुर, मार्च 9 -- कृषि प्रधान जिले के सिंघिया प्रखंड के किसान इन दिनों फसल को लीेकर अजीबोगरीब संकट से गुजर रहे हैं। हाड़तोड़ मेहनत से उपजाई गई किसानेां की फसल घर आने से पहले ही बर्बाद हो रही है। हालांकि यह बर्बादी किसी प्राकृतिक आपदा से नहीं बल्कि जिले में नीलगायें व नीलबकरियां कर रही हैं। कृषि प्रधान जिला समस्तीपुर का सिंघिया प्रखंड इन दिनों एक अजीबोगरीब संकट से गुजर रहा है। यहाँ के किसान अपनी हाड़तोड़ मेहनत से उगाई गई फसलों को बचाने के लिए दिन-रात जद्दोजहद कर रहे हैं। विडंबना यह है कि इस बार फसलों की बर्बादी का कारण कोई प्राकृतिक आपदा जैसे बाढ़ या सुखाड़ नहीं, बल्कि जंगली जानवरों-विशेषकर नीलगायों और जंगली सुअरों का बढ़ता आतंक है। खेती: उम्मीदों का एकमात्र सहारा सिंघिया प्रखंड और नगर पंचायत क्षेत्र के करीब 80 से 90 प्रतिशत लोगों का म...
Click here to read full article from source
इस लेख के रीप्रिंट को खरीदने या इस प्रकाशन का पूरा फ़ीड प्राप्त करने के लिए, कृपया
हमे संपर्क करें.