कानपुर, मार्च 13 -- इंडियन मेडिकल एसोसिएशन की ओर से विश्व किडनी दिवस पर कार्यक्रम का आयोजन किया गया। परेड स्थित आईएमए हॉल में आयोजित कार्यक्रम में किडनी रोगों के प्रति जागरूक किया गया। अध्यक्ष डॉ. अनुराग मेहरोत्रा ने किडनी रोगों पर चिंता जताई। समय पर जांच और स्वस्थ जीवनशैली अपनाने पर जोर दिया। डॉ. दिलीप कुमार सिन्हा ने बताया कि प्रति वर्ष लगभग 20 लाख लोगों के गुर्दे फेल हो रहे हैं। इसकी मुख्य वजह मधुमेह, हाई बीपी, पथरी की बीमारी, बार बार पेशाब का इन्फेक्शन है। वरिष्ठ गुर्दा रोग विशेषज्ञ डॉ. देशराज गुर्जर ने बताया कि क्रोनिक किडनी डिजीज को खामोश बीमारी कहा जाता है, क्योंकि इसके लक्षण तब तक दिखाई नहीं देते जब तक कि किडनी को काफी नुकसान न पहुंच जाए। डॉ युवराज गुलाटी ने बताया कि किडनी की बीमारी अक्सर शुरुआती चरण में बिना किसी स्पष्ट लक्षण के ...