मेरठ, मार्च 6 -- ईरान के सर्वोच्च नेता अयातुल्ला अली खामेनेई के निधन और खाड़ी क्षेत्र में युद्ध की स्थिति को देखते हुए मेरठ के शिया मुसलमानों ने इस वर्ष ईद-उल-फितर को सादगी और शोक के रूप में मनाने का निर्णय लिया है। शिया समुदाय के नेताओं ने ऐलान किया है कि इस बार ईद पर न तो जश्न होगा और न ही पारंपरिक उल्लास। शिया मुसलमान काले कपड़ों में सादगी से ईद मनाएंगे। जुमे की नमाज के दौरान रेलवे रोड स्थित मनसबिया शिया ईदगाह के इमाम मौलाना महज़र आब्दी और लोहिया नगर स्थित मस्जिद अबु तालिब के मौलाना अल्ताफ हुसैन ने इस सादगी का आह्वान किया। खिताब किया गया कि अयातुल्ला अली खामेनेई केवल ईरान के सर्वोच्च नेता ही नहीं थे, बल्कि वे दुनिया के धर्म गुरू भी थे। आल इंडिया अली मिशन सोसाइटी के संयोजक अली हैदर रिज़वी ने बताया कि अयातुल्ला अली खामेनेई ने कभी भी ज़ाल...
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