बुलंदशहर, अक्टूबर 2 -- प्रदूषण का दंश झेल रही काली नदी को साफ और स्वच्छ करने की कवायद शुरू हुई है। प्रशासन की ओर से बुलंदशहर, शिकारपुर, गुलावठी और पहासू में सर्वे कराकर सीवेज ट्रीटमेंट प्लांट (एसटीपी) लगाने का प्रस्ताव तैयार किया जा रहा है। इन प्लांटों में शहर और कस्बों से निकलने वाले सीवेज को शोधित करने के बाद ही नदी में छोड़ने की योजना है। साथ ही काली नदी के प्रदूषण को लेकर मुजफ्फरनगर, मेरठ और हापुड़ के अधिकारियों से भी संपर्क कर वहां की स्थिति और सीवेज निस्तारण की व्यवस्था की जानकारी ली जाएगी। बताते चलें कि काली नदी लंबे समय से जिले के लिए बड़ी पर्यावरणीय चुनौती बनी हुई है। गुलावठी से लेकर बुलंदशहर, शिकारपुर, पहासू और डिबाई क्षेत्र तक नदी के आसपास के गांव प्रदूषित पानी की समस्या से प्रभावित हैं।

काली नदी के प्रदूषण का कारण नदी में कई स्थ...