सिद्धार्थ, अप्रैल 2 -- सिद्धार्थनगर, निज संवाददाता। रसोई गैस की समस्या खाड़ी युद्ध के साथ जो शुरू हुई वह आज भी जारी है। प्रशासन ने होम डिलेवरी शुरू करा कर लाइन लगाने से तो राहत दिला दी लेकिन बुकिंग के बाद भी कई दिन बाद गैस मिलने से लोगों की परेशानी कम नहीं हुई है। घर की रसोई की आंच धीमी पड़ गई है। होटलों के मीनू के आकार छोटे हो चुके हैं। पटरी दुकानदारों में कुछ को अपना धंधा ही बंद करना पड़ा है। इस बीच कामर्शियल गैस के दाम में 195 रुपये की भारी भरकम वृद्धि बुधवार से होने के बाद भी लोगों को नहीं मिल पा रहा है इससे दुकानदार कोयले की आंच से ग्राहकों का पेट भर रहे हैं।शहर में होम डिलेवरी की शुरुआत ने गोदामों पर बुधवार को लाइन नहीं लगने दी। अब लोगों को गोदाम से गैस नहीं दी जा रही है। बुकिंग कराने के बाद ही उन्हें रसोई गैस मिल पा रही है हालांकि ...