कर्म-सिद्धांत भारतीय दर्शन की आधारशिला
प्रयागराज, जुलाई 22 -- प्रयागराज। ईश्वर शरण पीजी कॉलेज के दर्शनशास्त्र विभाग एवं आईक्यूएसी के संयुक्त तत्वावधान में इंडियन फिलोस्फर्स डे पर बुधवार को विशिष्ट व्याख्यान आयोजित किया गया। मुख्य वक्ता नीलांबर पीतांबर विश्वविद्यालय पलामू के प्रति कुलपति प्रो. दीप नारायण यादव ने कहा कि भारतीय दर्शन की आधारशिला 'कर्म-सिद्धांत' है। यह सिद्धांत बताता है कि प्रत्येक जीव अपने विचार, वचन और कर्मों के अनुसार फल भोगता है। विशिष्ट वक्ता दीन दयाल उपाध्याय विश्वविद्यालय गोरखपुर में दर्शनशास्त्र विभाग के अध्यक्ष प्रो. सुशील तिवारी ने कहा कि आज के वैश्विक संकटकाल (पर्यावरण असंतुलन, मानसिक स्वास्थ्य, नैतिक पतन) में भारतीय ज्ञान परम्परा अत्यंत प्रासंगिक है। पूर्व अपर आयुक्त जीएसटी डॉ. अशोक पांडेय ने कहा कि भारत को विश्वगुरु बनाने और सांस्कृतिक पुनर्जागरण में ...
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