मुरादाबाद, जून 25 -- नगर के मोहल्ला नूरउल्लाह स्थित सिद्दीके अकबर मस्जिद में गुलामाने सिद्दीके अकबर की तरफ से आयोजित सालाना दस रोज़ा पैगाम-ए-कर्बला कॉन्फ्रेंस की नवीं शब में गुरुवार को उलेमा-ए-अहले सुन्नत ने हजरत इमाम हुसैन की सीरत और कर्बला के संदेश पर रोशनी डाली। कॉन्फ्रेंस का आगाज मौलाना गय्यूर अहमद आफाकी ने कुरआन पाक की तिलावत से किया, जबकि गुलाम नबी अत्तारी ने हम्द व नात तथा इमाम हुसैन की शान में कलाम पेश किया। मुख्य वक्ता मुबल्लिग-ए-दावत-ए-इस्लामी इंडिया मौलाना अहसान अत्तारी ने कहा कि हजरत इमाम हुसैन ने कर्बला के मैदान में हर हाल में शरियत की पाबंदी का बेहतरीन नमूना पेश किया। यह भी पढ़ें- हसन हुसैन की याद में एक अजीमो- शान मजलिस का हुआ आयोजन उन्होंने कहा कि इमाम हुसैन ने दीन-ए-इस्लाम की सरबलंदी के लिए अपनी जान कुर्बान कर दी लेकिन हक...