कानपुर, जून 27 -- कानपुर। चमनगंज स्थित इमामबाड़ा हाजी शारिक में शनिवार को मजलिस-ए-अज़ा हुई जिसे मौलाना नुसरत आब्दी ने संबोधित किया। उन्होंने कर्बला में हज़रत इमाम हुसैन (अस) और उनके अंसार पर हुए बेइंतहा ज़ुल्म व अत्याचार का दर्दनाक मंजर बयान किया। उन्होंने कहा कि इमाम हुसैन ने हक और इंसानियत की राह में जंग करते हुए अपनी अज़ीम शहादत पेश की। बयान सुनकर अकीदतमंद रो पड़े। इसके बाद मातम किया गया। यहां अली अख्तर रिज़वी, रईस हुसैन, हसन आब्दी, सैयद फुरकान हैदर रिज़वी, मुजीबुल हसन रिज़वी, डॉ. ज़ुल्फ़िकार अली रिज़वी और हाजी शारिक हुसैन आदि मौजूद रहे।

हिंदी हिन्दुस्तान की स्वीकृति से एचटीडीएस कॉन्टेंट सर्विसेज़ द्वारा प्रकाशित...