संतकबीरनगर, जून 21 -- लोहरौली, हिन्दुस्तान संवाद। सेमरियावां ब्लॉक के ग्राम सिसवा दाखिली स्थित मदरसा दारुल उलूम अहले सुन्नत सदरुल उलूम के प्रांगण में अंजुमन रजा-ए-कमेटी की ओर से आयोजित 10 दिवसीय जश्न-ए-शहीद-ए-आजम कांफ्रेंस के चौथे दिन उलमाओं ने हजरते फरुके आजम पर विस्तार से प्रकाश डाला। कार्यक्रम में क्षेत्र के दर्जनों गांवों से बड़ी संख्या में अकीदतमंद शामिल हुए।कार्यक्रम की शुरुआत कारी मुश्ताक अहमद ने कुरआन पाक की तिलावत से हुई। मुख्य वक्ता बस्ती के दरुल उलूम आलमिया जमदा शाही के मौलाना कमाल अहमद अलीमी ने कहा कि फारूक-ए-आज़म (रज़ि.) का पूरा जीवन न्याय, सादगी, ईमानदारी व इंसानियत की सेवा का बेहतरीन नमूना है। यह भी पढ़ें- मजलिसों में अली असगर की शहादत पर डाला प्रकाश उन्होंने कहा कि खलीफा बनने के बाद भी फारूक-ए-आज़म (रज़ि.) ने हमेशा आम लोगो...