हजारीबाग, मार्च 23 -- हजारीबाग हमारे प्रतिनिधि कर्णप्रिय गीतो के बीच लोक आस्था का महापर्व चैती छठ 22 मार्च रविवार से नहाय-खाय के साथ शुरू हो गया। यह चार दिवसीय उत्सव चैत्र शुक्ल चतुर्थी से शुरू होकर सप्तमी तक चलेगा। छठ व्रतियों ने रविवार को नहाय-खाय के साथ ही छठ के कठिन व्रत का संकल्प लिया। इस दिन व्रती अपने घर और मन की शुद्धि के लिए पवित्र नदी या जलाशय में स्नान करते हैं और बिना लहसुन-प्याज वाला शुद्ध शाकाहारी भोजन करते हैं। रविवार को व्रतियो ने तालाब नदी जलाशय में स्नान कर छठ के कठिन व्रत का संकल्प लिया। उसके बाद घर में जाकर आम के लकड़ी से मिट्टी के चूल्हे पर चावल चना दाल और लौकी का सब्जी बनाया। जिसे पहले व्रतियों ने ग्रहण किया फिर आसपास के लोगों ने उस महाप्रसाद को ग्रहण किया।भक्ति के साथ सोमवार को व्रती करेंगे महाखरना का अनुष्ठानसोमवार...
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