कन्नौज, जून 24 -- कन्नौज। जिले में इस बार सामान्य से 20 से 30 प्रतिशत कम बारिश होने की संभावना के बीच कृषि विभाग ने किसानों को धान के बजाय मोटे अनाज और दलहनी फसलों की खेती अपनाने की सलाह दी है। विभाग का कहना है कि धान की फसल में अधिक पानी की जरूरत होती है, जबकि मोटे अनाज कम वर्षा में भी अच्छा उत्पादन दे सकते हैं। जिला कृषि अधिकारी संतलाल गुप्ता ने बताया कि मानसून के देर से आने और वर्षा कम होने की आशंका को देखते हुए किसानों को बाजरा, ज्वार, रागी, कोदो, सांवा, उड़द, मूंग, अरहर और तिल जैसी फसलों की खेती के लिए प्रोत्साहित किया जा रहा है। इन फसलों में पानी की आवश्यकता कम होती है और प्रतिकूल मौसम में भी उत्पादन की संभावना बनी रहती है।

सूखे की स्थिति में सहारा बनेंगी ये फसलें उन्होंने बताया कि अगस्त माह में कई बार वर्षा रुक जाने से फसलों पर पा...