औरैया, सितम्बर 26 -- हाइड्रा कारोबारी दिलीप की हत्या के मामले में गैंगस्टर अधिनियम के तहत जेल में बंद गिरोह के सरगना और उसके सदस्य की पहली जमानत अर्जियां अदालत ने खारिज कर दीं। अदालत ने गैंग चार्ट और दोनों आरोपियों के आपराधिक इतिहास को देखते हुए जमानत देने का पर्याप्त आधार नहीं माना। विशेष न्यायाधीश गैंगस्टर अधिनियम एवं अपर सत्र न्यायाधीश विनय प्रकाश सिंह की अदालत में दिबियापुर थाना क्षेत्र के चमरौआ गांव निवासी दुर्लभ उर्फ पिंटू यादव उर्फ श्यामू यादव और शिवम यादव की ओर से अलग-अलग जमानत अर्जियां दाखिल की गई थीं। दोनों के खिलाफ सहार थाने में वर्ष 2025 में गैंगस्टर अधिनियम की धारा दो और तीन(एक) के तहत मुकदमा दर्ज किया गया था। आरोपी तीन सितंबर 2025 से जिला कारागार इटावा में निरुद्ध हैं।

अभियोजन का तर्क अभियोजन के अनुसार तत्कालीन सहार थानाध्य...