विशेष संवाददाता, जून 29 -- उत्तर प्रदेश सरकार ने प्रदेश में अधिवक्ताओं और डीड राइटर्स के भारी विरोध के बाद विकास प्राधिकरण और आवास विकास परिषद को ऑनलाइन रजिस्ट्री की दी गई सुविधा समाप्त कर दी है। स्टांप एवं पंजीयन राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) रवींद्र जायसवाल ने बताया है कि 4 जून को जारी ई-पंजीकरण मॉड्यूल संबंधी शासनादेश को निरस्त कर दिया गया है। सोमवार को उन्होंने कहा कि स्टांप विभाग द्वारा ऑनलाइन रजिस्ट्री की प्रक्रिया को सरल बनाने के लिए एक नवाचार का प्रयास किया गया था। इसके लिए चार जून को ई-पंजीकरण मॉड्यूल के व्यापक प्रचार-प्रसार और उसके प्रभावी क्रियान्वयन के संबंध में निर्देश जारी किया गया था। अधिवक्ताओं और डीड राइटर्स द्वारा इस पर चिंताएं जताई गई हैं। उन्होंने कहा कि यह देखा गया है कि विकास प्राधिकरण, आवास विकास परिषद, औद्योगिक वि...