ऐसे कोई वैभव सूर्यवंशी नहीं बन जाता, पिता ने त्याग और संघर्ष की पेश की ऐसी मिसाल, बच्चे के सपने के लिए बेची पैतृक जमीन
नई दिल्ली, जून 11 -- वैभव सूर्यवंशी ने बेहद कम उम्र में वह मुकाम हासिल कर लिया है, जिसकी उनकी उम्र के साथी सिर्फ कल्पना कर सकते हैं। 15 साल की उम्र में वह करोड़ों रुपये कमा रहे हैं और जल्द ही भारत की सीनियर टीम के लिए खेलते हुए नजर आएंगे, ये वो सपना है. जिसे हर खिलाड़ी/एथलीट अपने करियर में साकार होते हुए देखना चाहता है। हालांकि भारत जैसे देश में अपनी एक अलग पहचान बनाने का सफर काफी मुश्किलों से भरा रहता है। वैभव सूर्यवंशी ने अपनी मेहनत और लगन से अपने परिवार और खुद का सपना साकार किया है लेकिन वैभव को इस मुकाम तक पहुंचाने में उनके पिता ने काफी संघर्ष किया और अपना सब कुछ दांव पर लगाने से भी पीछे नहीं हटे। यहां तक कि जब उन्हें अपनी पुरखों की जमीन को बेचने की नौबत आई तो भी वह अडिग रहे और अपने बच्चे के सपने के आगे उसे भी त्याग दिया।सपना सच हो गय...
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