ऐतिहासिक दस्तारबंदी एवं अज़मत-ए-सहाबा कॉन्फ्रेंस का हुआ आयोजन
जमुई, जून 7 -- जमुई, निज संवाददाता जमुई प्रखंड के मड़वा गाँव मे शनिवार को नमाज़-ए-इशा के बाद मदरसा फैज़ान-ए-सहाबा व अहलेबैत के ज़ेरे एहतमाम एक ऐतिहासिक एवं भव्य जलसा-ए-दस्तारबंदी बनाम अज़मत-ए-सहाबा कॉन्फ्रेंस*" का आयोजन किया गया। इस कार्यक्त्रम की अध्यक्षता क़ाइद-ए-मिल्लत हज़रत मौलाना जियाउर्रसूल गफ्फारी साहब, सचिव, सुन्नी उलेमा बोर्ड , शाखा एवं मरकज़ी इदारा-ए-शरिया जमुई ने की.
कार्यक्रम की विशिष्टता इस अवसर पर देश के विभिन्न क्षेत्रों से प्रतिष्ठित उलेमा-ए-किराम और शुअरा-ए-इज़ाम ने शिरकत की। कार्यक्त्रम में विशेष रूप से मौलाना नोमान अख्तर फ़ाइक जमाली तथा क़ारी निसार अहमद कलकतवी ने अपने विचार व्यक्त किए। दोनों विद्वानों ने शिक्षा के महत्व पर विस्तार से प्रकाश डालते हुए युवाओं और विद्यार्थियों को इल्म से अपना संबंध मजबूत करने तथा शिक्षा के...
Click here to read full article from source
इस लेख के रीप्रिंट को खरीदने या इस प्रकाशन का पूरा फ़ीड प्राप्त करने के लिए, कृपया
हमे संपर्क करें.