रांची, फरवरी 25 -- रांची। इंडियन स्टार्टअप एसोसिएशन के राष्ट्रीय अध्यक्ष रथिन भद्र ने झारखंड में स्टार्टअप इकोसिस्टम की स्थिति पर निराशा जताई है। उन्होंने कहा कि विधानसभा में विभाग द्वारा दिए गए उत्तर से स्पष्ट है कि 2016 की स्टार्टअप नीति निष्प्रभावी हो चुकी है। संघ ने सरकार के 22 स्टार्टअप्स को फंड देने के दावे को चुनौती देते हुए लाभार्थियों की सूची सार्वजनिक करने की मांग की है। भद्र के अनुसार, प्रशासनिक उदासीनता और रिक्त पदों के कारण पिछले पांच वर्षों से युवाओं की भविष्यगामी योजनाएं ठप पड़ी हैं।

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