मथुरा, अप्रैल 13 -- एसटीएफ की जांच में जिले के 153 शिक्षण संस्थानों में छात्रवृत्ति और शुल्क प्रतिपूर्ति घोटाला सामने आने व इनके विरुद्ध रिपोर्ट दर्ज करा दी थी। जिस पर शासन ने इन सभी शिक्षण संस्थानों में अध्ययन कर रहे अनुसूचित जाति, सामान्य वर्ग एवं पिछड़े वर्ग के छात्र-छात्राओं की छात्रवृत्ति जारी करने पर रोक लगा दी है। जिससे इन शिक्षण संस्थानों के छात्रों का आक्रोश अब शिक्षण संस्थानों के संचालकों पर निकल रहा है। रोजाना संस्थानों में छात्र प्रदर्शन कर रहे हैं। वहीं दूसरी ओर एसटीएफ की कार्रवाई के विरोध में एक-दो शिक्षण संस्थानों के संचालक हाईकोर्ट की शरण में चले गए हैं। यह भी पढ़ें- छात्रवृत्ति योजना में राहत, वंचित छात्रों को दोबारा मौका शिक्षण संस्थानों ने हाईकोर्ट में अपनी अपील में कहा है कि उनके पास सभी रिकार्ड पूरे हैं। उनके संस्थान ...