रिषिकेष, अक्टूबर 1 -- स्वामी राम हिमालयन विश्वविद्यालय (एसआरएचयू) जौलीग्रांट में स्वास्थ्य विज्ञान पुस्तकालयों की कार्यप्रणाली और भविष्य की जरूरतों पर मंथन हुआ। गुरुवार को 'बेस्ट प्रैक्टिसेज इन हेल्थ साइंसेज लाइब्रेरीज : बिल्डिंग फ्यूचर-रेडी नॉलेज इकोसिस्टम' विषय पर एक दिवसीय परिचर्चा आयोजित की गई। इसमें एम्स, आईआईएसईआर, आईआईटी समेत सरकारी और निजी संस्थानों के 17 चिकित्सा पुस्तकालयाध्यक्ष और विशेषज्ञ शामिल हुए। बीसी रॉय सभागार में आयोजित कार्यक्रम का शुभारंभ डॉ. स्वामी राम के चित्र के समक्ष दीप प्रज्ज्वलित कर किया गया। मुख्य अतिथि एसआरएचयू के कुलपति डॉ. प्रसाद ए. वाडेगांवकर ने कहा कि भविष्य के लिए तैयार ज्ञान तंत्र विकसित करने में चिकित्सा पुस्तकालयों की भूमिका लगातार बढ़ रही है। पुस्तकालयों को नई तकनीकों, डिजिटल संसाधनों, कृत्रिम बुद्धिम...