मदन जैड़ा, फरवरी 9 -- उच्च शिक्षण संस्थानों, एम्स और अन्य मेडिकल कॉलेजों में प्रोफेसरों के पद बड़े पैमाने पर खाली हैं। आरक्षित श्रेणियों में उम्मीदवारों का नहीं मिलना इसकी एक प्रमुख वजह है। पद रिक्त होने से कामकाज पर असर न पड़े, इसके लिए सरकार बड़ी संख्या में कुल पद बढ़ाने की तैयारी कर रही है, ताकि जरूरी संख्या मौजूद रहे। संस्थानों में बड़े पैमाने पर पदों के खाली होने से संस्थानों का काम प्रभावित हो रहा है। इस चुनौती से निपटने के लिए सरकार कुल पदों की संख्या में वृद्धि कर सकती है। इससे सामान्य और आरक्षित दोनों श्रेणियों के पद बढ़ेंगे। ऐसे में यदि आरक्षित श्रेणी के उम्मीदवार नहीं भी मिलते हैं तो सामान्य पदों पर इतने उम्मीदवार भर्ती हो जाएंगे जिससे शिक्षण संस्थानों के कामकाज को सुचारू रूप से चलाया जा सकेगा। इस पर एम्स और अन्य संस्थानों में ...