मुजफ्फरपुर, मार्च 25 -- ​मुजफ्फरपुर, वरीय संवाददाता। बिहार में गर्भवती महिलाओं में एनीमिया (खून की कमी) की गंभीर स्थिति को देखते हुए राज्य सरकार ने एक बड़ा कदम उठाया है। स्वास्थ्य विभाग 26 मार्च से मुजफ्फरपुर सहित प्रदेश के सभी जिलों में 'फेरिक कार्बोक्सीमाल्टोज (एफसीएम)' थेरेपी अभियान का राज्यस्तरीय शुभारंभ करेगा। यह पहल विशेष रूप से उन महिलाओं के लिए उम्मीद की किरण बनेगी, जो खून की कमी से प्रसव के दौरान जोखिम में पड़ती हैं। जानकारी हो कि बिहार में लगभग 63 प्रतिशत गर्भवती महिलाएं एनीमिया से ग्रसित हैं। ग्रामीण क्षेत्रों में 63.9 प्रतिशत महिलाएं इस समस्या से जूझ रही हैं। राष्ट्रीय औसत से कहीं अधिक इन आंकड़ों को देखते हुए भारत सरकार के दिशा-निर्देशों पर मुजफ्फरपुर के स्वास्थ्य तंत्र को पूरी तरह से सक्रिय किया है। अभियान को सफल बनाने के लिए ...