फरीदाबाद, जून 18 -- फरीदाबाद, अभिषेक शर्मा। बल्लभगढ़ के सेक्टर-3 स्थित एफआरयू-2 में खुले में मोबाइल टॉर्च की रोशनी में महिला की डिलीवरी मामले के बाद स्वास्थ्य सुविधाओं में काफी सुधार हुआ है। जच्चा-बच्चा से संबंधित सुविधाएं बेहतर हुई हैं, लेकिन स्टाफ की कमी को पूरा करने की ओर विशेष ध्यान नहीं दिया गया है। इसके अलावा बल्लभगढ़ के साथ-साथ सेक्टर-30 स्थित एफआरयू में अल्ट्रासाउंड जांच की कोई व्यवस्था नहीं है। ऐसे में गर्भवतियों को बीके अस्पताल या फिर निजी लैब से जांच करानी पड़ती है। बल्लभगढ़ के एफआरयू में एक्सरे की सुविधा है और रेडियोग्राफर भी तैनात है, लेकिन एफआरयू में हड्डी रोग विशेषज्ञ नहीं है। इसके चलते मजबूरीवश लोगों को बीके अस्पताल आना पड़ता है। इसी प्रकार गर्भवती महिलाओं के लिए अल्ट्रासाउंड जांच होना बहुत आवश्यक है, लेकिन एफआरयू में इसकी...