रांची, मार्च 29 -- रांची, विशेष संवाददाता। नेशनल यूनिवर्सिटी ऑफ स्ट्डी एंड रिसर्च इन लॉ (एनयूएसआरएल), रांची में- जेरियाट्रिक ज्यूरिसप्रूडेंस: गरिमामय वृद्धावस्था के लिए अधिकार-आधारित दृष्टिकोण, विषय पर दो दिवसीय राज्य स्तरीय संगोष्ठी का समापन रविवार को हुआ। इसमें विधि विशेषज्ञों, शिक्षाविदों, नीति-निर्माताओं व प्रैक्टिशनरों ने भाग लेकर वरिष्ठ नागरिकों के अधिकारों व कल्याण से जुड़े महत्वपूर्ण मुद्दों पर विचार-विमर्श किया। मुख्य अतिथि न्यायमूर्ति शिवशंकर अमरन्नवर (कर्नाटक हाईकोर्ट) ने जेरियाट्रिक (वृद्धावस्था संबंधी चिकित्सा) देखभाल के बदलते कानूनी आयामों और न्यायिक संवेदनशीलता के महत्व पर बात बी। मुख्य वक्ता तान्या सेनगुप्ता ने वरिष्ठ नागरिकों के अधिकारों पर विस्तार से चर्चा करते हुए भारत सरकार की पहलों- राष्ट्रीय वृद्धजन नीति एवं माता-पित...
Click here to read full article from source
To read the full article or to get the complete feed from this publication, please
Contact Us.