पलामू, सितम्बर 15 -- मेदिनीनगर, प्रतिनिधि। नीलांबर-पीतांबर विश्वविद्यालय (एनपीयू) के कुलसचिव डॉ. नफीस अहमद ने ऑडिट रिपोर्ट में वित्तीय गड़बड़ी सामने आने के बाद उत्तर पुस्तिका और द्वितीय दीक्षांत समारोह के बाद छपवाई गई डिग्रियों के भुगतान पर रोक लगा दी है। कुलपति के लिए खरीदे गए 76,999 रुपये के मोबाइल में करीब 16,999 रुपये की अतिरिक्त राशि की रिकवरी की जाएगी। एनपीयू में गोपनीय दस्तावेज और उत्तर पुस्तिकाओं की छपाई पर करीब 25 लाख रुपये खर्च किए गए थे। वहीं, उत्तर प्रदेश के एक प्रिंटर से 37 लाख रुपये में डिग्रियां छपवाई गई थीं। दोनों मदों के भुगतान को कुलसचिव ने रोक दिया है। प्रिंटर ने डिग्रियों के परिवहन के लिए 1.20 लाख रुपये भाड़े का अलग से दावा किया गया है। प्रेस प्रतिनिधियों को कुलसचिव ने बताया कि एनपीयू में हुए विशेष ऑडिट के बाद झारखंड अ...