रांची, सितम्बर 26 -- रांची। विशेष संवाददाता झारखंड हाईकोर्ट ने राज्य के जेलों में एचआईवी संक्रमित कैदियों के मामले को गंभीरता से लेते हुए सरकार को ठोस कदम उठाने का निर्देश दिया है। जस्टिस सुजीत नारायण प्रसाद और जस्टिस संजय प्रसाद की अदालत ने कहा कि कैदियों की सेहत और उनके मानवाधिकारों की सुरक्षा राज्य की जिम्मेदारी है। सुनवाई के दौरान अदालत में स्वास्थ्य विभाग के अपर मुख्य सचिव अजय कुमार सिंह, गृह विभाग की प्रधान सचिव वंदना दादेल सहित कई वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित हुए। सुनवाई के दौरान अदालत को बताया गया कि राज्य सरकार इस विषय पर एड्स कंट्रोल सोसाइटी के साथ विचार-विमर्श कर आवश्यक गाइडलाइन तैयार करेगी। कोर्ट ने कहा कि एचआईवी एवं एड्स (रोकथाम और नियंत्रण) अधिनियम, 2017 के प्रावधानों का सख्ती से पालन होना चाहिए। इस अधिनियम की धारा 13 और 14 में के...
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