फतेहपुर, फरवरी 27 -- फतेहपुर, संवाददाता। राज्य ग्रामीण आजीविका मिशन से जुड़ी महिलाएं लखपति दीदियां बनकर उभरी हैं। पशुपालन से दुग्ध उत्पादन को अपनाकर कमाई का जरिया बनाया। प्रतिमाह हजारों लीटर दूध से करोड़ों का व्यवसाय फैला। आत्मबल, आत्मनिर्भर की कहानी लिखकर अन्य महिलाओं के लिए प्रेरणास्रोत बन रही है। ऐसे ही अन्य कामों से महिलाएं घर की जीविका चला रही और काम से नाम भी बढ़ा रही है। जिले में एनआरएलएम विभाग में 18,500 स्वयं सहायता समूह में दो लाख से अधिक महिलाएं जुड़ी है। खेती किसानी, ई रिक्शा संचालन, रेशम कीट पालन, खोया, मिलेट समेत मछली, बकरी, मधुमक्खी, पशुपालन जैसे कारोबार से आम महिला से लखपति दीदी बन रही है। 241 गावों की 12 हजार से अधिक महिलाएं जुड़ीं सामर्थ्य मिल्क प्रोड्यूसर के तहत डेयरी प्रोजेक्ट की शुरुआत 2023 में हुई थी। जिसमें से कई दीदि...
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