नई दिल्ली, अक्टूबर 7 -- एक परिवार के सात लोग। चार अलग-अलग जातियां। और सब के सब स्वतंत्रता सेनानी कोटे से एमबीबीएस की सीट के हकदार। सुनने में ही अजीब लगता है। समाजसेवी प्रदीप बहुगुणा का दावा है कि मेडिकल दाखिलों में यही खेल चल रहा है। उनके मुताबिक यह किसी एक परिवार की कहानी नहीं है। पूरे प्रदेश में सैकड़ों छात्र फर्जी प्रमाण पत्रों के सहारे डॉक्टर बनने की दौड़ में आगे निकल गए। मंगलवार को प्रेस क्लब में पत्रकारों से बात करते हुए बहुगुणा ने कई गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने कहा कि फर्जी स्वतंत्रता सेनानी और दूसरे फर्जी प्रमाण पत्र बनवाकर एमबीबीएस सीटों पर दाखिले लिए गए हैं।एक परिवार को चार कोटे? बहुगुणा के मुताबिक एक व्यक्ति के सात उत्तराधिकारी हैं। इनमें से चार को पहले ही राउंड में सीट दे दी गई। दो को ओबीसी स्वतंत्रता सेनानी कोटे में सीट मिली। ए...