वाराणसी, अप्रैल 5 -- वाराणसी, वरिष्ठ संवाददाता। बीएचयू स्थित मालवीय मूल्य अनुशीलन केंद्र सभागार में शनिवार को आईआईटी बीएचयू के पूर्व निदेशक प्रो. राजीव संगल ने एआई पर विशिष्ट व्याख्यान दिया। शिक्षा के क्षेत्र में कृत्रिम बुद्धिमत्ता के उपयोग पर उन्होंने कहा कि इसके इस्तेमाल में बेहद सावधानी बरतने की आवश्यकता है। प्रो. संगल ने कहा कि हमें एआई पर शिक्षा के प्रभाव को गहराई से समझने की जरूरत है। कहा कि एआई के सार्थक इस्तेमाल के लिए हमें कोर स्किल को बेहतर तरीके से सीखना होगा। स्थानीय और लोक महत्त्व के ज्ञान के संग्रहण और संश्लेषण में हम कृत्रिम बुद्धिमता के तकनीकी आयाम का बेहतर उपयोग कर सकते हैं। कृत्रिम बुद्धिमता तकनीक का नकारात्मक प्रभाव, जैसे पारिवारिक समस्या, अकेलापन, मानसिक अवसाद भी हो रहा है जिसके प्रति हमें जागरूक रहने की आवश्यकता है। ...
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