प्रयागराज, फरवरी 24 -- प्रयागराज। प्रदीप शर्मा 24 फरवरी 2023 की वह दहला देने वाली शाम आज भी शहर की स्मृतियों में ताजा है। अधिवक्ता उमेश पाल की दिनदहाड़े गोली-बम से की गई हत्या को तीन साल पूरे हो चुके हैं, लेकिन उनका परिवार अब भी अंजान डर के साये में जी रहा है। इंसाफ की लड़ाई जारी है, क्योंकि कई आरोपी अब तक पकड़ से बाहर हैं। करीब छह महीने पहले दो बुर्कानशी महिलाओं के उमेश पाल के सुलेमसराय स्थित घर के आसपास संदिग्ध रूप से देखे जाने की बात सामने आई। उमेश पाल की पत्नी जया पाल बताती हैं कि इसकी पुलिस से शिकायत की गई। जांच में पता चला कि वे महिलाएं अतीक की पत्नी शाइस्ता परवीन के ड्राइवर के रिश्तेदारों से जुड़ी थीं। इसके बाद परिवार की चिंता और गहरी हो गई। परिवार का आरोप है कि मुकदमा न लड़ने के लिए अप्रत्यक्ष रूप से कई बार डराने-धमकाने की कोशिश भ...
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