प्रयागराज, मार्च 25 -- प्रयागराज। अभिषेक मिश्र बाबुओं के शहर प्रयागराज में अच्छे खाने-पीने और रहने के तो लोग शौकीन हैं, लेकिन वो अपनी कमाई के दम ही अपने शौक को पूरा करना चाहते हैं। अपनी बड़ी-बड़ी जरूरतों के लिए लोग बैंकों पर निर्भर नहीं हैं। कम से कम बैंकों के ऋण जमानुपात के आंकड़े तो यही कहते हैं।जिले में बैंकों में जमा धनराशि का महज 42 फीसदी ही ऋण के रूप में दिया गया है। ऋण देने के मामले में प्रयागराज प्रदेश में 66वें नंबर का जिला है, जबकि बढ़ते औद्योगिकीकरण को देखते हुए इसे बढ़ाने का दबाव बना हुआ है। प्रदेश सरकार की इच्छा है कि प्रत्येक जिले का बैंक ऋण जमानुपात 60 से 66 फीसदी के बीच रहे। प्रदेश के प्रत्येक जिले को इसका लक्ष्य दिया गया है। प्रदेश में प्रयागराज से नीचे के जिलों की बात की जाए तो उन्नाव जहां का ऋण जमानुपात 40 फीसदी, प्रताप...