अलीगढ़, फरवरी 6 -- अलीगढ़, वरिष्ठ संवाददाता। तकनीकी और व्यावसायिक शिक्षा को अब सीधे रोजगार से जोड़ने की तैयारी तेज हो गई है। बदलते औद्योगिक परिदृश्य को देखते हुए पाठ्यक्रमों में भी बदलाव होगा, ताकि युवा प्रशिक्षण के बाद सीधे नौकरी या स्वरोजगार से जुड़ सकें। राष्ट्रीय शिक्षा नीति के प्रभावी क्रियान्वयन और विकसित उत्तर प्रदेश @2047 के लक्ष्य को ध्यान में रखते हुए मुख्यमंत्री के शिक्षा सलाहकार प्रो. धीरेंद्र पाल सिंह ने गुरुवार को मंडलायुक्त सभागार में शिक्षा विभाग के अधिकारियों और तकनीकी संस्थानों के प्रतिनिधियों के साथ बैठक कर संभावनाएं तलाशीं। बैठक में व्यावसायिक व तकनीकी शिक्षा को उद्योगों की मांग के अनुरूप ढालने पर विशेष जोर दिया गया। प्रो. सिंह ने कहा कि अब आईटीआई, पॉलिटेक्निक और अन्य तकनीकी संस्थानों में ऐसे कोर्स जोड़े जाएं, जिनसे छात...