गया, मार्च 9 -- दक्षिण बिहार केंद्रीय विश्वविद्यालय (सीयूएसबी) के मालवीय मिशन शिक्षक प्रशिक्षण केंद्र द्वारा 'विकसित भारत शिक्षा अधिष्ठान विधेयक 2025' विषय पर विशेष व्याख्यान का आयोजन किया गया। पंजाब केंद्रीय विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. राघवेंद्र पी. तिवारी ने गुणवत्तापूर्ण शिक्षा की प्राप्ति में विकसित भारत शिक्षा अधिष्ठान विधेयक 2025 के मुख्य बिंदुओं को रेखांकित करते हुए इस बिल का औचित्य, तुलनात्मक दृष्टिकोण और अपेक्षित लाभ पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि यह विधेयक अलग-अलग रेगुलेटरी बॉडीज को एक सिंगल, टेक्नोलॉजी-ड्रिवन फ्रेमवर्क में जोड़ता है, जिसमें एनईपी 2020 रिफॉर्म्स को लागू करने के लिए स्टैंडर्ड्स, रेगुलेशन और एक्रेडिटेशन के लिए तीन इंडिपेंडेंट काउंसिल होंगी। इसका मकसद जीईआर, रिसर्च, एम्प्लॉयबिलिटी और ग्लोबल कॉम्पिटिटिवनेस को बढ़...