नई दिल्ली, फरवरी 17 -- नई दिल्ली। प्रमुख संवाददाता इंटरनेशनल काउंसिल ऑन क्लीन ट्रांसपोर्टेशन (आईसीसीटी) की नई रिपोर्ट के अनुसार, यदि भारत अपने राष्ट्रीय और राज्य स्तर के इलेक्ट्रिक वाहन (ईवी) लक्ष्यों को पूरा कर लेता है, तो वर्ष 2050 तक सड़क परिवहन से होने वाले कार्बन उत्सर्जन में लगभग 50 प्रतिशत तक कमी लाई जा सकती है। यह निष्कर्ष विजन-2050 नामक वैश्विक अध्ययन में सामने आया है, जिसमें आने वाले वर्षों में वाहन बिक्री, ऊर्जा उपयोग और प्रदूषण पर नीतियों के प्रभाव का आकलन किया गया है। रिपोर्ट बताती है कि भारत में अभी ईवी का उपयोग शुरुआती चरण में है, लेकिन देश में बिकने वाले करीब 80 प्रतिशत इलेक्ट्रिक वाहन घरेलू स्तर पर ही निर्मित हो रहे हैं। इससे प्रदूषण कम करने के साथ-साथ ईंधन आयात पर निर्भरता घटेगी और 2070 के नेट-जीरो लक्ष्य को हासिल करने म...
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